करवा चौथ : जानिए क्‍या है पूजा का समय, कितने बजे उदय होगा चंद्रमा

0
12327
करवा चौथ : जानिए क्‍या है पूजा का समय, कितने बजे उदय होगा चंद्रमा
करवा चौथ : जानिए क्‍या है पूजा का समय, कितने बजे उदय होगा चंद्रमा

इस बार करवा चौथ व्रत 8 अक्टूबर को पड़ रहा है, हिन्दू कैलेंडर के अनुसार करवा चौथ का व्रत सुहागिनों के लिए सबसे महत्वपूर्ण व्रत माना गया है, यह व्रत सुहागिनें अपने पति की लंबी उम्र और खुशहाल दांपत्य जीवन के लिए निर्जला यानी बिना अन्न और जल का व्रत रखती हैं, करवा चौथ का यह व्रत कार्तिक मास की कृष्ण चतुर्थी को मनाया जाता है, इस दिन महिलाएं पूरे दिन व्रत रखकर रात में चांद दिखते ही अर्घ्य देकर अपना व्रत खोलती हैं।

सरगी करवा चौथ के व्रत का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा होती है। व्रत शुरू होने से पहले सास आपनी बहू को कुछ मिठाइयां और कपड़े और श्रृंगार का सामान देती हैं। करवा चौथ के दिन सूर्योदय होने से पहले सुबह लगभग चार बजे के आस-पास महिलाएं इस सरगी को खाकर अपने व्रत की शुरुवात करें।
सरगी में हल्की चीजे ही खाये जैसे फल, सादे आटे की बनी चीजें, हो सके तो इस दौरान दही, पनीर और दूध से बनी चीजें खाएं, आप सरगी में मेवे भी खा सकते है, इससे आपके शरीर को काफी मात्रा में पोषण पहुंच जाएगा और आपको सारे दिन ऊर्जा मिलती रहेगी। मसालेदार और ज्यादा तली-भुनी चीजें खाने से परहेज करें। इनसे बाद में खाली पेट रहने से एसिडिटी हो सकती है। याद रहे मीठी चीज खाने से भूख जल्दी लगती है

इसे भी पढ़ेंः    जन्माष्टमी के लिए धनिया की बर्फी - Dhania ki Burfi Recipe for Janmashtami

करवा चौथ की पूजा के लिए आस-पास की सभी महिलाएं एक जगह मिलकर व्रत कथा सुनती हैं और पूजा करती हैं। ऐसे में पूजा के समय करवा चौथ के गीत और भजन गाना चाहिए।

उपवास वाले दिन महिलाओं को किसी अन्य व्यक्ति को दूध, दही, चावल और सफेद कपड़ा नहीं देने चाहिए। करवा चौथ वाले दिन महिलाओं को अपने से बड़ी उम्र की किसी भी बुजुर्ग महिलाओं का अपमान नहीं करना चाहिए। ऐसा करना अशुभ माना जाता है।

करवा चौथ के दिन नीले, भूरे और काले रंग के कपड़े नहीं पहनने चाहिए। करवा चौथ वाले दिन महिलाओं को विशेष तौर पर लाल कपड़े ही पहनने चाहिए क्योंकि लाल रंग हिन्दू धर्म में शुभ रंग होने का प्रतीक माना जाता है और यह विशेष फलदायी होता।

चांद देखने से पहले महिलाओं को मां गौरी की पूजा करना नहीं भूलना चाहिए। पूजा अर्चना करने के बाद मां को पूरी और हलवा का प्रसाद जरूर अर्पित करना चाहिए।

व्रत खोलते वक्त भी खाने पीने का खास ध्यान रखे, चाय या कॉफी जैसी कैफीन युक्त चीजें न लें। खाली पेट तैलीय चीजें न खाएं। तेल एसिडिटी कर सकता है, खाने में दही लें, यह खाना पचाने में मदद करती हैं।

करवा चौथ पूजा मुहूर्त = 18:03 to 19:17
अवधि = 1  घण्टा 14  मिनट्स
करवा चौथ के दिन चन्द्रोदय = 20:27
चतुर्थी तिथि प्रारम्भ = 16:58 on 8/Oct/2017
चतुर्थी तिथि समाप्त = 14:16 on 9/Oct/2017

कृपया ध्यान दें उपलब्ध सभी साम्रगी केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। Read More